
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां कुछ युवकों ने जन्मदिन को जश्न की जगह खौफ और दिखावे का माध्यम बना दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने न सिर्फ पुलिस बल्कि आम लोगों की भी चिंता बढ़ा दी है।

बर्थडे पार्टी में दिखा खतरनाक ‘शो-ऑफ’
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि एक कमरे या हॉल में बर्थडे पार्टी का आयोजन किया गया है। शुरुआत में युवक केक काटते नजर आते हैं, लेकिन केक कटते ही माहौल अचानक बदल जाता है। बैकग्राउंड में तेज आवाज में गैंगस्टर गाने बजने लगते हैं और युवक नशे की हालत में झूमते हुए दिखाई देते हैं।वीडियो में कई युवक हाथों में चाकू और शराब की बोतलें लहराते नजर आ रहे हैं। कुछ युवक बिना शर्ट के उग्र अंदाज में नाच रहे हैं, वहीं दो युवक आपत्तिजनक स्थिति में दिखाई दे रहे हैं। एक-दूसरे को कंधे पर उठाकर हवा में चाकू लहराना, नशे में लड़खड़ाते हुए डांस करना और कैमरे की ओर रौब झाड़ना—पूरा वीडियो खतरनाक संदेश देता है।
‘दबंग’ और ‘भौकाल’ दिखाने की कोशिश
सोशल मीडिया पर इस तरह के वीडियो बनाना अब युवाओं के बीच एक खतरनाक ट्रेंड बनता जा रहा है। गैंगस्टर गानों, हथियारों और नशे के साथ वीडियो बनाकर खुद को ‘दबंग’ और ‘खतरनाक’ साबित करने की कोशिश की जा रही है। जानकारों का कहना है कि यह केवल दिखावा नहीं, बल्कि समाज और कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती भी है। ऐसे वीडियो न सिर्फ कानून का मजाक उड़ाते हैं, बल्कि अन्य युवाओं को भी गलत रास्ते पर जाने के लिए उकसाते हैं। कई बार यही दिखावा आगे चलकर गंभीर अपराधों की शुरुआत बन जाता है।

पुलिस जांच में जुटी, पहचान की प्रक्रिया तेज
वीडियो सामने आने के बाद पुलिस हरकत में आ गई है। वायरल फुटेज के आधार पर युवकों की पहचान की जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि वीडियो में दिखाई दे रहे चाकू और अन्य हथियार असली हैं या सिर्फ डराने के लिए इस्तेमाल किए गए नकली हथियार।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सार्वजनिक रूप से हथियारों का प्रदर्शन करना, नशे की हालत में उपद्रव फैलाना और सोशल मीडिया के जरिए दहशत का माहौल बनाना गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। यदि जांच में आरोप सही पाए गए, तो संबंधित युवकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि जश्न मनाने की आड़ में बढ़ती हिंसक मानसिकता और सोशल मीडिया पर गलत ट्रेंड को रोकने के लिए समाज और प्रशासन को मिलकर सख्त कदम उठाने होंगे।
