
Raipur Assembly gherao : रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में दिव्यांगजनों के साथ पुलिस की कथित सख्ती का मामला सामने आया है। विधानसभा घेराव करने निकले दिव्यांगों को पुलिस ने बीच रास्ते में ही रोककर जबरन वाहन में बैठा दिया। इस दौरान कुछ दिव्यांगों को घसीटते हुए ले जाते पुलिसकर्मियों का वीडियो भी वायरल हुआ है, जिसे लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। (Raipur Assembly gherao)
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जानकारी के मुताबिक, दिव्यांग संघ पिछले 100 दिनों से अपनी 6 सूत्रीय मांगों को लेकर धरने पर बैठा है। शुक्रवार को संघ के सदस्य विधानसभा का घेराव करने निकले थे, लेकिन धनेली-बिलासपुर रोड पर ही पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इस दौरान कथित तौर पर प्रदर्शनकारियों के साथ बदसलूकी की गई और उन्हें जबरदस्ती पुलिस वाहन में बिठाकर धरना स्थल तूता ले जाया गया।

दिव्यांग संघ की प्रमुख मांगों में दिव्यांग कोटे में फर्जी प्रमाणपत्र के ज़रिए नौकरी करने वालों की बर्खास्तगी, बैकलॉग पदों पर विशेष भर्ती अभियान, पेंशन ₹5000 प्रतिमाह करना, बीपीएल अनिवार्यता खत्म करना, अविवाहित दिव्यांग महिलाओं को ‘महतारी वंदन योजना’ में शामिल करना और 3% पदोन्नति आरक्षण को लेकर स्पष्ट परिपत्र जारी करना शामिल हैं।
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इस घटना के बाद सरकार और पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो ने प्रशासन की संवेदनशीलता पर बहस छेड़ दी है। फिलहाल दिव्यांगजन तूता में प्रदर्शन जारी रखे हुए हैं और सरकार से जल्द समाधान की मांग कर रहे हैं।
