
कांकेर। छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले के दुर्गुकोंदल विकासखंड में 163 स्कूलों की मरम्मत कार्यों में बड़ी गड़बड़ी का मामला सामने आया है। स्थानीय युवाओं और निवासियों ने आरोप लगाया है कि मरम्मत कार्य के लिए स्वीकृत राशि का दुरुपयोग किया गया और ठेकेदारों ने मिलावट भरे तरीके से काम पूरा कर पूरी राशि हजम कर ली। विरोध स्वरूप, प्रदर्शनकारी युवाओं ने अर्द्धनग्न होकर ब्लॉक मुख्यालय दुर्गुकोंदल में विरोध प्रदर्शन किया।

प्रदर्शनकारियों के आरोप
युवाओं का कहना है कि दुर्गुकोंदल के प्राथमिक, माध्यमिक और उच्चतर माध्यमिक स्कूलों के जर्जर भवनों की मरम्मत के लिए कुल 6.63 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए थे। हालांकि, ठेकेदारों ने अधिकारियों के साथ मिलीभगत कर मरम्मत कार्य का केवल 30 प्रतिशत ही किया, लेकिन इसे 100 प्रतिशत पूर्ण करार देकर धनराशि हड़प ली। प्रदर्शनकारी युवाओं ने यह भी आरोप लगाया कि जिन अधिकारियों ने इस कार्य का निरीक्षण किया, वे भी ठेकेदारों के साथ मिलीभगत में शामिल थे।

युवाओं की कार्रवाई और मांगें
इससे पहले प्रदर्शनकारियों ने 7 अगस्त को धरना प्रदर्शन और 19 अगस्त को खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय दुर्गुकोंदल का घेराव भी किया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। नाराज युवाओं ने अब अर्द्धनग्न होकर प्रदर्शन कर कहा कि वे स्कूल मरम्मत में गड़बड़ी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग करते हैं। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि जांच प्रक्रिया में जिला शिक्षा विभाग के किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को शामिल नहीं किया जाना चाहिए, ताकि निष्पक्ष जांच हो सके।
स्थानीय प्रतिक्रिया और प्रशासन
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के घोटाले न केवल सरकारी धन की बर्बादी हैं, बल्कि बच्चों की शिक्षा और उनके सुरक्षित वातावरण पर भी प्रतिकूल असर डालते हैं। प्रशासन पर दबाव बढ़ने के बीच, लोगों की मांग है कि जल्द से जल्द जांच कर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
इस घटना ने क्षेत्र में शिक्षा और सरकारी परियोजनाओं में पारदर्शिता की आवश्यकता पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन इस गंभीर मामले में कितनी तेजी और ईमानदारी से कदम उठाता है।
