
बिलासपुर। बिलासपुर नगर पालिक निगम बिलासपुर की सामान्य सभा बुधवार को हंगामे की भेंट चढ़ गई। लिंगियाडीह क्षेत्र में 175 से अधिक बेजा कब्जा हटाए जाने का मामला सदन में उठते ही माहौल तनावपूर्ण हो गया। वार्ड पार्षद दिलीप पाटिल द्वारा प्रभावित परिवारों की समस्या रखे जाने पर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए।

बहस इतनी तीखी हो गई कि सामान्य सभा की कार्यवाही कुछ देर के लिए स्थगित करनी पड़ी। इसके बाद कांग्रेस पार्षदों ने प्रभावित लोगों के साथ लखीराम ऑडिटोरियम के मुख्य द्वार पर धरना शुरू कर दिया। बड़ी संख्या में लिंगियाडीह के विस्थापित परिवार भी प्रदर्शन में शामिल हुए।

84 दिनों से आंदोलन, पुनर्वास की मांग
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि नगर निगम ने पुनर्वास का आश्वासन दिया था, लेकिन अब इससे पीछे हट रहा है। वार्ड क्रमांक 47 के लोग पिछले 84 दिनों से धरने पर बैठे हैं। उनकी प्रमुख मांग है कि जहां से हटाया गया है, उसी क्षेत्र में पुनर्वास किया जाए।

पेयजल संकट भी बना बड़ा मुद्दा
तीसरी सामान्य सभा की शुरुआत वंदे मातरम से हुई, लेकिन कांग्रेस पार्षद दल के विरोध के बीच 15 प्रस्तावों को मंजूरी दे दी गई। इस दौरान पेयजल संकट सबसे बड़ा मुद्दा बनकर उभरा। नेता प्रतिपक्ष भरत कश्यप ने कहा कि पानी की समस्या से सत्ता पक्ष के पार्षद भी परेशान हैं। कई वार्डों में पानी नहीं पहुंचने और टैंकर व्यवस्था में लापरवाही के आरोप लगे। जैसे ही यह मुद्दा उठा, सदन में फिर से हंगामा शुरू हो गया।

सड़क पर उतरा विरोध, मेयर ने सुनी बात
लिंगियाडीह के आंदोलनकारियों को सभा स्थल पर लाए जाने को लेकर विवाद और बढ़ गया। कांग्रेस पार्षदों ने आंदोलनकारियों के साथ मिशन अस्पताल रोड पर धरना देते हुए सड़क जाम कर दिया। जिला कांग्रेस कमेटी और NSUI के पदाधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे। स्थिति बिगड़ती देख मेयर पूजा विधानी सदन छोड़कर बाहर आईं और आंदोलनकारियों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं।
क्या है पूरा मामला
लिंगियाडीह क्षेत्र में हाल ही में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान 175 से अधिक निर्माण ध्वस्त किए गए। प्रभावित परिवारों का कहना है कि वे वर्षों से वहां रह रहे थे और बिना वैकल्पिक व्यवस्था के उन्हें बेदखल कर दिया गया। वहीं, नगर निगम प्रशासन का दावा है कि कार्रवाई नियमों के तहत हुई है और पुनर्वास पर शासन स्तर पर निर्णय लिया जाएगा।
सामान्य सभा में पारित प्रमुख प्रस्ताव
- जाति प्रमाण पत्रों का अनुमोदन
- लिंगियाडीह अतिक्रमण और पुनर्वास पर चर्चा
- तोरखा रेलवे ओवरब्रिज का नामकरण वीर नारायण सिंह के नाम पर
- बिरसा मुंडा की आदमकद प्रतिमा स्थापना
- बृहस्पति बाजार निर्माण
- प्रमुख सड़कों का डामरीकरण
- स्ट्रीट लाइट पोल बदलने और नई लाइट लगाने का प्रस्ताव
- पेयजल आपूर्ति व टैंकर व्यवस्था सुधार
- नाली निर्माण व जल निकासी व्यवस्था
- सफाई कर्मियों की समयावधि वृद्धि
- 3 करोड़ से अधिक के विकास कार्य
- मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना के तहत लगभग 70 करोड़ के प्रस्ताव
- सामुदायिक भवन निर्माण
- शहर सौंदर्याकरण और गार्डन विकास
