
बलौदा बाजार। छत्तीसगढ़ में लगातार हो रही बारिश ने नदियों और नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ा दिया है, जिससे कई स्थानों पर जलजमाव और खतरे की स्थिति पैदा हो गई है। इसी बीच बलौदा बाजार जिले से एक बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। गिधपुरी थाना क्षेत्र के अमेठी गांव में महानदी पर बने एनीकट को पार करते समय एक मिनी ट्रक में 30 से 40 लोग सवार दिखाई दिए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है, जिसने सुरक्षा और प्रशासनिक तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

मिनी ट्रक में भीड़ और संभावित खतरा
जानकारी के अनुसार, अमेठी गांव के पास महानदी का जलस्तर इस समय लबालब भरा हुआ है। एनीकट पर पानी ऊपर से बह रहा था, फिर भी मिनी ट्रक चालक ने बिना किसी सुरक्षा उपाय के ट्रक में सवार लगभग 30-40 लोगों के साथ नदी पार करने का जोखिम उठाया। यदि थोड़ी सी भी चूक होती, तो यह हादसा जानलेवा साबित हो सकता था। ट्रक चालक और यात्रियों की जिंदगी उस समय खतरे में थी।
स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
स्थानीय प्रशासन ने हाल ही में चेतावनी जारी की थी कि जब तक नदी का पानी पुल के ऊपर से बह रहा हो, तब तक इसे पार न किया जाए। इसके बावजूद लोग लापरवाही करते हुए नदी पार कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि नदी पर सुरक्षा के कोई ठोस इंतजाम नहीं किए गए हैं, न ही पुलिस या अन्य प्रशासनिक कर्मचारियों की तैनाती की गई है।

स्थानीय लोगों की मांग
स्थानीय ग्रामीणों और आसपास के लोगों ने प्रशासन से आग्रह किया है कि पानी पुल के ऊपर से बह रहा है, तब तक वहां पुलिस की तैनाती सुनिश्चित की जाए। उनका कहना है कि ऐसे मौकों पर अगर प्रशासन समय रहते चेतावनी और निगरानी बढ़ाए, तो किसी बड़े हादसे को टाला जा सकता है।

खतरे की स्थिति और जागरूकता की आवश्यकता
यह घटना यह भी दर्शाती है कि लोगों में प्राकृतिक खतरों के प्रति जागरूकता की कमी है। भारी बारिश और नदी के उफान के समय इस तरह की लापरवाह हरकतें जानलेवा साबित हो सकती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि नदी पार करते समय सुरक्षा नियमों का पालन करना अनिवार्य है और प्रशासन को भी समय-समय पर चेतावनी और गश्त बढ़ानी चाहिए ताकि किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।
इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि सावधानी और सुरक्षा उपायों को नजरअंदाज करना किसी भी समय भारी कीमत चुकाने का कारण बन सकता है।
