
राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में पिस्टल लहराकर लोगों को डराने के मामले में पुलिस ने चार युवकों को गिरफ्तार किया है। मामला चिखली चौकी क्षेत्र के रमन बाजार का है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी इलाके में अपना दबदबा कायम करना चाहते थे और इसी मकसद से पिस्टल दिखाकर लोगों को भयभीत कर रहे थे।

मुखबिर की सूचना पर पहुंची पुलिस
घटना 1 अक्टूबर की रात की बताई जा रही है। पुलिस पेट्रोलिंग के दौरान सूचना मिली कि रमन बाजार स्थित बड़े तालाब पार एक युवक पिस्टल लहराकर लोगों को डरा रहा है। सूचना मिलते ही चिखली पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और धनुष साहू उर्फ गोलू को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक पिस्टल और मैगजीन बरामद की गई।

पूछताछ में सामने आए तीन और नाम
पुलिस के अनुसार, धनुष साहू से पूछताछ में पिस्टल उपलब्ध कराने से जुड़े शेख शहबाज उर्फ शिब्बू और जफर मोमीन के नाम सामने आए। इसके बाद पुलिस ने दोनों के साथ ऐश्वर्य झा उर्फ राम को भी हिरासत में लिया। पुलिस का दावा है कि चारों युवक इलाके में अपना दबदबा बनाने और लोगों के बीच भय पैदा करने के लिए पिस्टल का इस्तेमाल कर रहे थे।

आर्म्स एक्ट में कार्रवाई
पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ धारा 25 और 27 आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के खिलाफ पहले भी अलग-अलग मामले दर्ज हैं। चारों को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। कार्रवाई में चिखली चौकी प्रभारी उप निरीक्षक कैलाश चन्द्र मरई सहित चौकी पुलिसकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

सवाल यह है कि आखिर युवाओं में हथियार लहराकर ‘दबदबा’ बनाने की यह मानसिकता क्यों बढ़ रही है? पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि पिस्टल आरोपियों तक कैसे पहुंची और इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो नहीं है।
